पसान राशन दुकान की जांच में खुली कई परतें, ओवर स्टॉक, कम तौल और अंगूठा लगवाकर राशन नहीं देने के आरोप

कोरबा। पसान /। नायब तहसीलदार पसान ने शासकीय उचित मूल्य दुकान पहुंचकर शिकायतों की जांच की। जांच के दौरान कई ऐसे तथ्य सामने आए, जिन्होंने पूरे मामले को और गंभीर बना दिया।
प्राथमिक जांच में स्टॉक रजिस्टर में अनियमितताएं, ओवर स्टॉक की पुष्टि और कम मात्रा में राशन तौलने के आरोप सामने आए। जांच के दौरान शिकायतकर्ताओं के बयान भी दर्ज किए गए।
1000 रुपये लेकर राशन कार्ड में नाम जोड़ने का आरोप
जांच के दौरान एक शिकायतकर्ता ने बयान दर्ज कराते हुए आरोप लगाया कि राशन कार्ड में नाम जोड़ने के लिए उससे 1000 रुपये लिए गए थे। शिकायत को जांच का हिस्सा बनाया गया है।
अंगूठा लगवाया, लेकिन राशन नहीं मिला
जांच के दौरान यह आरोप भी सामने आया कि कुछ हितग्राहियों से ई-पॉस मशीन में अंगूठा लगवाया गया, लेकिन उन्हें राशन नहीं दिया गया। यदि जांच में यह आरोप सही पाया जाता है तो यह सार्वजनिक वितरण प्रणाली के नियमों का गंभीर उल्लंघन माना जाएगा।
संचालक के समर्थन में पहुंचे व्यापारी, उठे नए सवाल
जांच के दौरान कुछ स्थानीय व्यापारी राशन दुकान संचालक के समर्थन में पहुंचे। इसके बाद क्षेत्र में यह चर्चा तेज हो गई कि क्या सरकारी राशन का अनाज इन्हीं व्यापारियों के यहां खपाया जाता था? हालांकि इस संबंध में फिलहाल कोई आधिकारिक पुष्टि नहीं हुई है और जांच जारी है।
अब कार्रवाई पर टिकी सबकी नजर
जांच में सामने आए तथ्यों के बाद अब लोगों की नजर प्रशासन की अगली कार्रवाई पर है। यदि आरोप सही पाए जाते हैं तो संबंधित जिम्मेदारों के खिलाफ नियमानुसार कार्रवाई की जा सकती है। वहीं संबंधित पक्ष का कहना है कि वह जांच में पूरा सहयोग कर रहा है और अपना पक्ष भी अधिकारियों के समक्ष रखेगा।



